झूठ बोल रहे कौल सिंह, ना नड्डा की इसीएमआर टीम पहुंची ना पीलिया के मामले कम हुए

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शिमला : राजधानी शिमला में हर रोज पीलिया के 50 से 60 नए मामले दर्ज हो रहे हैं। यह क्रम 11 दिसंबर से अभी तक एक बार भी नहीं टूटा है जब मामलों में कमी दर्ज हुई हो। स्वास्थ्य मंत्री ठाकुर कौल सिंह इस संबंध में झूठ बोल रहे हैं कि अब पीलिया मामलों में धीरे-धीरे कमी दर्ज हो रही है और उनकी विभागीय वेबसाइट स्वयं उनके झूठे बयान को झुठला रही है कि पीलिया के मामलों में कहां कमी आई है? हर रोज कई लोग पीलिया के शिकार हो रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग रोजाना अपनी विभागीय वेबसाइट को बीते तीन दिन से अपडेट करने लगा है।

हालांकि उनकी अध्यक्षता में ही पीलिया मामलों को लेकर आयोजित समीक्षा बैठक में यह तय किया गया है कि रोजाना वेबसाइट में पीलिया मामलों को अपडेट किया जाए और सरकार को रिपोर्ट भेजी जाए। इससे पहले विभाग कागजी रिकॉर्ड को इस संबंध में संभाले रहा है जहां पीलिया मामलों की रफ्तार दिन प्रतिदिन तेज हो रही है।

कौल ने दोहराया, पीलिया पूरी तरह नियंत्रण में

वीरवार को सचिवालय में मीडिया से हुई अनौपचारिक बातचीत में स्वास्थ्य मंत्री कौल सिंह ने पूर्व की तरह दोहराया कि पीलिया पूरी तरह अब नियंत्रण में है। हर रोज पानी के सैंपल भरे जा रहे हैं। अब पीलिया के मामलों में कटौती दर्ज हो रही है।

मध्य फरवरी तक आएंगे पीलिया के मामले

स्वास्थ्य निदेशक (स्वास्थ्य विभाग) डॉ. डीएस गुरंग ने माना कि हर दिन 50 से 60 मामले पीलिया के सामने आ रहे हैं। मध्य फरवरी तक ऐसा ही रहेगा। इस वायरस का अपना एक इन्क्यूबेशन पीरियड होता है।

पीलिया के मामले 50 से 60 हर दिन रहने के आसार

आइडीएसपी के स्टेट प्रोग्राम अधिकारी डॉ. राकेश भारद्वाज ने बताया कि फरवरी के अंत तक पीलिया के मामले 50 से 60 हर दिन रहने के आसार हैं। पहली जनवरी से अश्ववनी खड्ड का दूषित जल रोका है।

स्वास्थ्य विभाग में दर्ज पीलिया मामले

माह पीलिया मामले

10 जनवरी 52

11 जनवरी 63

12 जनवरी 59

13 जनवरी 60

14 जनवरी 50

15 जनवरी 50

16 जनवरी 53

17 जनवरी 51

18 जनवरी 56

19 जनवरी 63

20 जनवरी 66

21 जनवरी —

नड्डा ने नहीं भेजी अभी तक आइसीएमआर की टीम

स्वास्थ्य मंत्री ने माना कि केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने पीलिया की स्टडी को लेकर अब तक आइसीएमआर की टीम नहीं भेजी है। एक टीम नई दिल्ली से आई थी मगर वो आइसीएमआर की टीम नहीं थी। उन्होंने बताया कि एसआरएल लैब को भी मुफ्त में टेस्ट करने को कहा गया है और एनएचएम इसका बिल अदा करेगा।

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