chander-abvp-yug-murder-case

आरोप के साथ चंद्र शर्मा की फेसबुक प्रोफाइल के कुछ स्क्रीन शॉट भी जारी किये, एसएफआई नेताओं के खिलाफ एबीवीपी ने दर्ज करवाई पुलिस शिकयात

शिमला- युग हत्या के मामले में एसएफआई की राज्य कमेटी ने पिछले 2 वर्षो से आरोपियो को बचा रहे बड़े रसूखदार लोगो के नाम सामने लाने की मांग की है! छात्र संघठन का कहना है कि इस मामले की जाँच कर रहे अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े होते है तथा इनपर कार्यवाही होनी चाहिए!

छात्र संघठन ने कहा कि तकरीबन 2 वर्ष पहले शिमला शहर में एक चार साल का बचा युग रहस्मय तरीके से गायब हो गया था जिसकी शिकयात उसके परिजनों ने सदर थाना में की थी लकिन पुलिस 2 वर्षो तक उसको ढूंढ नहीं पायी व जब सारे मामले का खुलासा हुआ तो ये कहा गया की आरोपियों के बड़े के रसूकदार लोगो से सम्बन्ध थे इसलिए वे इतने समय तक बचते रहे जोकि प्रदेश सरकार व विपक्ष पार्टी की तरफ प्रशनचिन्ह खड़ा करती है
Yug Murder accused

छात्र संघठन ने आरोप लगाते हुए कहा कि युग हत्या कांड में फसे आरोपी चंद्र शर्मा विद्यार्थी परिषद् का कार्यकर्ता है व 2014 में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद् विधि विभाग का प्रचार मंत्री बना था, जिसे उसने अपनी फेसबुक प्रोफाइल पर भी लिखा है! आरोप के साथ चंद्र शर्मा की फेसबुक प्रोफाइल के कुछ स्क्रीन शॉट भी जारी किये ! छात्र संगठन ने आरोप लागते हुए कहा कि चंद्र शर्मा के भारतीय जनता पार्टी के साथ नजदीकी संबंध रहे है जिसमे भारतीय जनता पार्टी के बैज व झण्डे के साथ फोटो तथा अन्य कार्यक्रमो के फोटो व विद्यार्थी परिषद् के कार्यक्रमो में छात्रों को सम्भोदित करते हुए फोटो इस बात का प्रमाण है!

एसएफआई का कहना है कि एक तरफ भाजपा व एबीवीपी युग हत्या मामले में घडयाली आंसू बहा रहे है व दूसरे तरफ अपने कार्यकर्त्ता को पिछले 2 वर्षो में इस संगीन अपराध में सजा होने से बचा रहे थे!
High Profile Yug Muder

एसएफआई ने ये कहा कि जो लोग इन अपराधियों को बचाने की कोशिश की है उन लोगो को भी सजा दी जाये तथा कई लोग राजनैतिक फायदा लेने के लिए इस तरह के लोगो को बचाने की कोशिश करते हैं!

प्रदेश सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए एसएफआई ने कहा कि जब से प्रदेश के अन्दर कांग्रेस की सरकार बनी है तब से प्रदेश के अंदर आपराधिक मामले में बढ़ोतरी हुई है व पुलिस इस तरीके से संगीन मामलो को निपटाने में नाकाम साबित हुई है जो को कानून व्यवस्था पर भी सवालिया निशान है

एसएफआई नेताओं के खिलाफ एबीवीपी ने दर्ज करवाई पुलिस शिकयात

शिमला की अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद् इकाई ने एसएफआई के चार छात्र नेताओं पर मानहानी का मुकदमा दर्ज करवाया है। जिसमें बालूगंज थाना में एसएफआई के राज्य अध्यक्ष विवेक राणा, राज्य सचिव सुरेश सरवाल, नगर अध्यक्ष चंद्रकांत और छात्रा अध्यक्ष ज्योति पर एफआईआर दर्ज करवाई है।

एसएफआई ने बिते रोज पे्रसवार्ता में युग हत्याकांड के आरोपी चन्द्र शर्मा के विद्यार्थी परिषद् के पूर्व कार्यकर्ता होने का दावा किया था। जिसपर विद्यार्थी परिषद् ने कड़ा नोटिस लेते हुए एसएफआई के खिलाफ विद्यार्थी परिषद् प्रांत सचिव आशिष सिक्टा , संगठन मंत्री अतुल शर्मा ने मामला दर्ज करवाया है। प्रांत सचिव आशिष सिक्टा ने कहा कि जिस संस्थान में आरोपी चन्द्र शर्मा पढाता था वहां विद्यार्थी परिषद् की कार्यकारिणी ही नही है। यहां तक की आरोपी की कभी भी विद्यार्थी परिषद् की प्राथमिक सदस्या भी नही थी। उन्होने कहा कि एसएफआई के सारे आरोप झूठे और सारे आरोप फेसबुक की तस्वीरों पर आधारित है।

उन्होने आरोप लगाया कि एसएफआई ने ये सारे आरोप महापौर संजय चौहान और उपमहापौर टिकेंद्र पंवर के इशारे पर किया गया। उन्होने कहा कि नगर निगम की लापरवाही के चलते दो सालो तक युग की लाश टेंक पर पड़ी रही , जिससे छुपाने के लिए दोनो छात्र नेताओं का सहारा ले रहे है। आशिष सिक्टा ने कहा कि इस बेबुनियाद ब्यान से विवि परिसर में माहौल तनावपूर्ण हो गया है यदि कोई भी घटना होती है तो इसके लिए एसएफआई और महापौर व उपमहापौर जि मेवार होगें।

हिमाचल वॉचर हिंदी के एंड्रायड ऐप के लिए यहां क्लिक करें

NO COMMENTS