कांग्रेस सरकार ने हिमाचल को किया शर्मसार, छापे वाले मुख्यमंत्री से बन रही प्रदेश की पहचान : जेपी नड्डा

0
380

धर्मशाला- मुख्यमंत्री वीरभद्र सिह पर केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने तीखा वार किया। नड्डा ने कहा कि जब मैं हिमाचल आता हूं तो प्रदेश सरकार के नेतृत्व को देख दुखी होता हूं। सूबे की कांग्रेस सरकार ने हिमाचल को शर्मसार कर दिया है। दिल्ली के सेंट्रल हाल में लोग मुझसे कहते हैं कि क्या आपके हिमाचल के सीएम सोने के सेब पैदा करते हैं। हिमाचल

उन्होंने कहा कि भाजपा ने पानी वाला और सड़कों वाले मुख्यमंत्री दिए लेकिन अब छापे वाले मुख्यमंत्री से हिमाचल की पहचान बन रही है। मुख्यमंत्री ने सरकार का मुकुट गिरा दिया है। हिमाचल में प्रशासन आउटसोर्स हो गया है। नड्डा बुधवार को यहां ‘वीरभद्र हटाओ, प्रदेश बचाओ’ नारे के साथ मुख्यमंत्री के खिलाफ बड़ी रैली को सम्बोधित कर रहे थे। ये रैली भाजपा ने बुलाई थी।

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा, पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल, प्रदेश प्रभारी श्रीकांत शर्मा और प्रदेश अध्यक्ष सतपाल सत्ती की अगुवाई में भाजपा ने जोरावर स्टेडियम में रैली कर वीरभद्र मुक्त हिमाचल का एलान किया। सभी नेताओं ने एक सुर में मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह से पद छोड़ने को कहा।

रैली में नेताओं ने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि वे पंचायत चुनाव के बाद मार्च 2016 में विधानसभा चुनाव के लिए तैयार रहें। मुख्यमंत्री के खिलाफ गांव-गांव जनजागरण अभियान चलाएं। इससे पूर्व शीतकालीन सत्र के तीसरे दिन पंचायत चुनाव आरक्षण रोस्टर पर वाकआउट के बाद सभी भाजपा विधायकों ने धूमल की अगुवाई में जोरावर स्टेडियम तक मुख्यमंत्री के खिलाफ पैदल मार्च निकाला और रैली स्थल तक पहुंचे।

इस रैली में सांसद रामस्वरूप शर्मा और वीरेंद्र कश्यप समेत विभिन्न प्रकोष्ठों के अध्यक्ष शामिल हुए। हालांकि केंद्रीय मंत्री एवं सांसद शांता कुमार ने बीते मंगलवार को ही साफ कर दिया था कि वह अस्वस्थ होने के कारण रैली में नहीं आ सकेंगे। सांसद अनुराग ठाकुर भी इस रैली में शामिल नहीं हुए। उल्लेखनीय है कि जोरावर स्टेडियम में रैली की अनुमति को लेकर विधानसभा में बीते मंगलवार को खासा गतिरोध पैदा हुआ था। बाद में सीएम ने अनुमति देने की बात कर गतिरोध को दूर किया था।

वीरभद्र सच्चे, तो डरते क्यों हैं- नेता प्रतिपक्ष प्रेम कुमार धूमल ने कहा कि प्रदेश सरकार भ्रष्टाचार में लिप्त है। चुनाव का बिगुल बज गया है। सीएम को हटाने के लिए जनता ने ठान ली है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री कहते हैं कि भाजपा ने उनके खिलाफ षड्यंत्र रचा। लेकिन, वीरभद्र के खिलाफ आरोप तो यूपीए सरकार के समय में लगे जब वे केंद्रीय मंत्री भी थे।

सीएम ने खुद ही अपनी रिटर्न भरकर कहा कि तीन साल में सेब उत्पादन से उनकी आय 47 लाख से 6 करोड़ हो गई। अगर वीरभद्र सच्चे हैं तो डरते क्यों हैं। धूमल ने कहा कि भरमौर में पंचायत चुनाव में भाजपा ने 15 में से 11 सीटें जीत ली हैं। अब विस चुनाव में भाजपा कम से कम 60 सीटें जीतकर इतिहास दर्ज कराएगी।

हिमाचल वॉचर हिंदी के एंड्रायड ऐप के लिए यहां क्लिक करें

NO COMMENTS