सीडी मामले में निशाने पर आए कौल सिंह पीजीआई में भर्ती

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शिमला- महिला से अंतरंग बातचीत की ऑडियो सीडी सामने आने के बाद निशाने पर चल रहे हिमाचल के स्वास्‍थ्य मंत्री कौल सिंह ठाकुर को पीजीआई में भर्ती किया गया है। उनके सीने में दर्द की शिकायत बताई जा रही है।

बताया जा रहा है कि कौल सिंह देर रात ही चंडीगढ़ रवाना हो गए थे। उनके सीने में दर्द की शिकायत थी। देर रात पीजीआई में उनका चैकअप किया गया। वहीं, शनिवार सुबह फिर से उनके कुछ टेस्ट किए गए हैं। इसके बाद उन्हें पीजीआई में भर्ती कर लिया गया है।

वहीं, उनके पीजीआई में भर्ती होते ही सियासत और गरमा गई है। कांग्रेस और भाजपा के कई नेता इसे सीडी मामले की जांच से जुड़ा बता रहे हैं। सीआईडी ने भी अपने स्तर पर इस मामले की जांच शुरू की है और जल्द ही कौल सिंह की आवाज का सैंपल भी लिया जाना है।

मंत्री पर गिर सकती है गाज

वहीं, कौल सिंह की कथित सीडी पर अब राष्ट्रीय कांग्रेस भी हरकत में है। पार्टी ने पूछा है कि क्या इस सीडी से कांग्रेस की छवि पर तो असर नहीं पड़ रहा। अब सीडी मामले में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष सुखविंद्र सिंह सुक्खू हाईकमान को 16 जुलाई तक अपनी रिपोर्ट भेजेंगे।

ऐसे में कौल सिंह पर गाज गिरने की भी संभावना जताई जा रही है। इससे पहले वह मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह और स्वास्थ्य मंत्री कौल सिंह ठाकुर से अलग-अलग बात करेंगे। कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव और प्रदेश प्रभारी अंबिका सोनी की तरफ से कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष से मामले की रिपोर्ट तलब की गई है। कांग्रेस पार्टी प्रदेश अध्यक्ष सुखविंदर सिंह सुक्खू की मानें तो मामले में पूरी गंभीरता बरती जा रही है।

सीआईडी लेने वाली है वॉयस सैंपल

हालांकि स्वास्थ्य मंत्री ठाकुर कौल सिंह की कथित सीडी मामले में शिकायत न मिलने से एफआईआर दर्ज नहीं हो पाई है। सीआईडी अपने स्तर पर मामले की जांच कर रही है, लेकिन उन्हें कौल सिंह से लिखित शिकायत का भी इंतजार है।

आगामी जांच के तहत ऑडियो सीडी की सच्चाई जानने के लिए सीआईडी कौल सिंह की आवाज का सैंपल भी लेगी। इसे फिर जांच के लिए भेजा जाना है। राज्य सरकार के निर्देश पर मामले की छानबीन का जिम्मा सीआईडी विंग को सौंप रखा है। सीआईडी अपने स्तर पर उस व्यक्ति की तलाश कर रही है, जिसने सीडी जारी की है। इसके लिए सीआईडी की एक टीम दिल्ली की गलियों की खाक छान रही है। सीआईडी को इस मामले से जुड़े कोई ठोस सबूत मिलते हैं तो ही वह अपने स्तर पर मुकदमा कायम कर पाएगी।

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