प्रतिबंध के बाद भी हिमाचल में हो रहा है प्लास्टिक का प्रयोग, नॉन वोवेन बैग में पाया जाता है 98% प्लास्टिक

0
420
polythene-banned-in-himacha

प्रतिबंध के बाद भी प्लास्टिक प्रयोग पर राज्य सरकार तलब

शिमला- हिमाचल में प्लास्टिक बैन होने के बाद भी इसके इस्तेमाल को गंभीरता से लेते हुए हाई कोर्ट ने राज्य सरकार से जवाब तलब किया है। मुख्य न्यायाधीश मंसूर अहमद मीर और न्यायाधीश संदीप शर्मा की खंडपीठ ने कुल्लू निवासी द्वारा मुख्य न्यायाधीश के नाम लिखे पत्र पर संज्ञान लेते हुए उक्त आदेश पारित किए।

ये भी पढ़ें: यहां तक कि हिमाचल में प्लास्टिक पर प्रतिबंध लगाने के बाद भी इससे पूरी तरह से छुटकारा नहीं मिल सका

मामले में प्रदेश के मुख्य सचिव सहित सचिव गृह और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को प्रतिवादी बनाया गया है। पत्र में आरोप लगाया है कि हिमाचल एक ऐसा प्रदेश है, जिसमें प्लास्टिक का इस्तेमाल पूरी तरह से प्रतिबंध है। यह एक ऐसा राज्य है, जहां पर नॉन वोवेन बैग बनाए जाते हैं, जिसमें कि 98 प्रतिशत प्लास्टिक पाया जाता है। इस तरह के बैग दिल्ली में वर्ष 2008 से प्रतिबंधित है।

नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल ने भी इस तरह के बैग के इस्तेमाल पर रोक लगा रखी है। ट्रिब्यूनल ने कहा है कि नॉन वोवेन बैग में प्लास्टिक पाया जाता है। बावजूद इसके हिमाचल एक ऐसा राज्य है, जहां पर इस तरह के बैग बनाने वाली 40 से अधिक फैक्टरियां हैं। प्रार्थी ने अदालत से गुहार लगाई है कि प्रदेश में प्लास्टिक के इस्तेमाल न करने के बारे में राज्य सरकार को सख्त आदेश पारित किए जाएं।

File Photo: Himachal Watcher

हिमाचल वॉचर हिंदी के एंड्रायड ऐप के लिए यहां क्लिक करें

NO COMMENTS