<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?><rss version="2.0"
	xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
	xmlns:wfw="http://wellformedweb.org/CommentAPI/"
	xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
	xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
	xmlns:sy="http://purl.org/rss/1.0/modules/syndication/"
	xmlns:slash="http://purl.org/rss/1.0/modules/slash/"
	>

<channel>
	<title>Man-Animal Conflict Archives - हिमाचल वॉचर</title>
	<atom:link href="https://hindi.himachalwatcher.com/tag/man-animal-conflict/feed/" rel="self" type="application/rss+xml" />
	<link>https://hindi.himachalwatcher.com/tag/man-animal-conflict/</link>
	<description>एक सामाजिक जागृति</description>
	<lastBuildDate>Wed, 02 Nov 2016 06:37:21 +0000</lastBuildDate>
	<language>en-US</language>
	<sy:updatePeriod>
	hourly	</sy:updatePeriod>
	<sy:updateFrequency>
	1	</sy:updateFrequency>
	<generator>https://wordpress.org/?v=6.9.4</generator>

<image>
	<url>https://hindi.himachalwatcher.com/wp-content/uploads/2025/05/HW-Logo-80x80.png</url>
	<title>Man-Animal Conflict Archives - हिमाचल वॉचर</title>
	<link>https://hindi.himachalwatcher.com/tag/man-animal-conflict/</link>
	<width>32</width>
	<height>32</height>
</image> 
	<item>
		<title>सोलन में तेंदुए के हमले में महिला गंभीर रूप से घायल</title>
		<link>https://hindi.himachalwatcher.com/2016/11/02/leopard-attack-in-solan-leaves-one-injured/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[हिमाचल वॉचर]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 02 Nov 2016 06:15:51 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Featured]]></category>
		<category><![CDATA[अन्य खबरे]]></category>
		<category><![CDATA[सोलन]]></category>
		<category><![CDATA[Leopard Attacks]]></category>
		<category><![CDATA[Man-Animal Conflict]]></category>
		<category><![CDATA[Solan Leopard Attack]]></category>
		<guid isPermaLink="false">http://hindi.himachalwatcher.com/?p=8482</guid>

					<description><![CDATA[<p>सोलन- सोलन ज़िले में मंगलवार सुबह करीब 7 बजे महिला पर तेंदुए ने हमला कर दिया। जानकारी के अनुसार सोलन और जिला सिरमौर की सीमा पर स्थित मोहर गांव की शीला देवी (48) भैयादूज पर अपने मायके देयोथल पहुंचीं थी। यह घटना सुबह करीब 7 बजे की जब महिला अपने भाई को तिलक लगाकर वह [&#8230;]</p>
<p>The post <a href="https://hindi.himachalwatcher.com/2016/11/02/leopard-attack-in-solan-leaves-one-injured/">सोलन में तेंदुए के हमले में महिला गंभीर रूप से घायल</a> appeared first on <a href="https://hindi.himachalwatcher.com">हिमाचल वॉचर</a>.</p>
]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p><strong>सोलन- </strong> सोलन ज़िले में मंगलवार सुबह करीब 7 बजे महिला पर तेंदुए ने हमला कर दिया। जानकारी के अनुसार सोलन और जिला सिरमौर की सीमा पर स्थित मोहर गांव की शीला देवी (48) भैयादूज पर अपने मायके देयोथल पहुंचीं थी। यह घटना सुबह करीब 7 बजे की जब  महिला अपने  भाई को तिलक लगाकर वह वापस घर जा रही थीं तो नारग के समीप करीब 7 बजे जंगल में तेंदुए ने हमला कर दिया। </p>
<p>महिला के साथ दो बच्चे भी थे। वे महिला से पीछे चल रहे थे। अपनी मां को तेंदुए के हमले से बचाने के लिए दोनों बच्चे जोर-जोर से चिल्लाने लगे।बच्चों और महिला के चिल्लाने की आवाज सुनकर लोगों ने महिला को तेंदुए से बचाकर अस्पताल पहुंचाया। यहां महिला का उपचार चल रहा है।</p>
<p>जानकारी के अनुसार सोलन और जिला सिरमौर की सीमा पर स्थित मोहर गांव की शीला देवी (48) भैयादूज पर अपने मायके देयोथल पहुंचीं।</p>
<p>भाई को तिलक लगाकर वह वापस घर जा रही थीं तो नारग के समीप करीब 7 बजे जंगल में तेंदुए ने हमला कर दिया। महिला के साथ दो बच्चे भी थे। वे महिला से पीछे चल रहे थे। अपनी मां को तेंदुए के हमले से बचाने के लिए दोनों बच्चे जोर-जोर से चिल्लाने लगे।</p>
<p><strong>बच्चों की समझदारी से बची महिला की जान</strong></p>
<p>आवाज सुनकर आसपास के खेतों में काम कर रहे लोग इकट्ठा हो गए। इन्हें देखकर तेंदुआ भाग गया। हमले में महिला के सिर, आंख और बाजू पर गंभीर चोटें आई हैं। लोगों की सहायता से महिला को क्षेत्रीय अस्पताल सोलन पहुंचाया गया।</p>
<p>महिला के भाई ने बताया कि इससे पहले भी गांव में तेंदुआ पशुओं और कुत्तों को अपना शिकार बनाता आ रहा है। यह पहली बार है कि जब तेंदुए ने इंसान पर हमला किया है। इससे क्षेत्र के लोगों में दहशत का माहौल है। लोगों ने वन विभाग से जल्द तेंदुए को पकड़ने की मांग की है।</p>
<p><strong>भालू के हमले में युवक जख्मी, टीएमसी रेफर</strong></p>
<p>चंबा के दियोला क्षेत्र के दुआरी जंगल में एक युवक पर भालू ने हमला करके उसे बुरी तरह से जख्मी कर दिया है। पीड़ित को उपचार के लिए पहले क्षेत्रीय चिकित्सालय चंबा लाया गया। यहां प्राथमिक उपचार देने के बाद उसे टीएमसी कांगड़ा रेफर कर दिया गया।</p>
<p>युवक की पहचान चमनलाल (25) पुत्र लाल चंद के रूप में हुई है। यह हादसा उस समय हुआ, जब चमन किसी काम से जंगल के रास्ते से होकर जा रहा था। इसी दौरान अचानक उसका सामना जंगल में भालू से हो गया। भालू ने चमन पर हमला बोल दिया।</p>
<p>चमन के चिल्लाने की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। इन्हें आता देख भालू चमन को जख्मी हालत में छोड़ कर भाग गया। भालू के हमले में चमन के चेहरे और पीठ पर गंभीर चोटें आई हैं।</p>
<p>मौके पर पहुंचे लोगों ने तुरंत 108 एंबुलेंस से उसे उपचार के लिए चंबा अस्पताल पहुंचाया। यहां से उसे टांडा मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया। उधर, वन अरण्यपाल चंबा डीआर कौशल ने बताया कि पीड़ित व्यक्ति की विभाग की ओर से हरसंभव सहायता की जाएगी।</p>
<p>The post <a href="https://hindi.himachalwatcher.com/2016/11/02/leopard-attack-in-solan-leaves-one-injured/">सोलन में तेंदुए के हमले में महिला गंभीर रूप से घायल</a> appeared first on <a href="https://hindi.himachalwatcher.com">हिमाचल वॉचर</a>.</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>जो बन्दर मारेगा वो ही दफनाएगा, जानिए बन्दर मारने के लिए किन नियमो का  करना होगा पालन</title>
		<link>https://hindi.himachalwatcher.com/2016/09/02/rules-for-monkey-culling-in-himachal/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[हिमाचल वॉचर]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 02 Sep 2016 09:36:54 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Featured]]></category>
		<category><![CDATA[अन्य खबरे]]></category>
		<category><![CDATA[HP Forest Dept]]></category>
		<category><![CDATA[HP Forest Minister]]></category>
		<category><![CDATA[Man-Animal Conflict]]></category>
		<category><![CDATA[Monkey Culling]]></category>
		<category><![CDATA[Monkey Culling Himachal]]></category>
		<category><![CDATA[Shimla City]]></category>
		<category><![CDATA[Vermin Monkey]]></category>
		<guid isPermaLink="false">http://hindi.himachalwatcher.com/?p=7043</guid>

					<description><![CDATA[<p>नियमों के अनुसार बूढ़े, कमजोर, अपंग या गर्भवती, बच्चे वाली मादा, को नहीं मार सकेंगे। शिमला- हिमाचल में फसलों को नुकसान पहुंचाने और हमलावर बंदरों को मारने के लिए सरकार 300 रुपये बतौर इनाम दे रही है, लेकिन खुद कोई जिम्मेदारी लेने को तैयार नहीं। जारी गाइडलाइन ने उलटा बंदर मारने वालों के हाथ बांध [&#8230;]</p>
<p>The post <a href="https://hindi.himachalwatcher.com/2016/09/02/rules-for-monkey-culling-in-himachal/">जो बन्दर मारेगा वो ही दफनाएगा, जानिए बन्दर मारने के लिए किन नियमो का  करना होगा पालन</a> appeared first on <a href="https://hindi.himachalwatcher.com">हिमाचल वॉचर</a>.</p>
]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p><strong>नियमों के अनुसार बूढ़े, कमजोर, अपंग या गर्भवती, बच्चे वाली मादा, को नहीं मार सकेंगे।</strong></p>
<p><strong>शिमला-</strong>  हिमाचल में फसलों को नुकसान पहुंचाने और हमलावर बंदरों को मारने के लिए सरकार 300 रुपये बतौर इनाम दे रही है, लेकिन खुद कोई जिम्मेदारी लेने को तैयार नहीं। जारी गाइडलाइन ने उलटा बंदर मारने वालों के हाथ बांध दिए हैं। गाइडलाइन के मुताबिक बंदर को मारने वाले पर ही उसे दफनाने की भी जिम्मेदारी होगी। बंदरों को भले ही वर्मिन घोषित किया गया हो।</p>
<p>नियमों के अनुसार बूढ़े, कमजोर, अपंग या बच्चे वाली मादा को नहीं मार सकेंगे। बंदर पर निशाना साधने से पहले शिकारी को पता करना होगा कि मादा बंदर कहीं गर्भवती तो नहीं।</p>
<p><strong>कानूनी विवाद की सारी जिम्मेदारी बंदर मारने वाले पर </strong></p>
<p>बंदर अगर अपने बच्चे को सीने से चिपकाए हुए है तो उसे भी नहीं मारा जा सकता। खास बात ये है कि बंदर को ऐसे मारा जाए जिससे बंदर पर निर्दयता न हो, यह कैसे संभव है इसका जिक्र गाइडलाइन में नहीं है।</p>
<p>सबसे दिलचस्प बात यह कि बंदर मारने के दौरान या बाद में अगर कोई कानूनी विवाद हुआ तो उसकी जिम्मेदारी भी बंदर मारने वाले पर होगी। ऐसे मामलों में वन विभाग पार्टी नहीं बनेगा। बंदर मारने के बाद संबंधित रेंज अफसर, फॉरेस्ट गार्ड को सूचना देनी होगी।</p>
<p>पहले से गठित कमेटी की निगरानी में बंदर को चयनित जगह पर ही दफनाया जाएगा। बंदर मारने से लेकर दफनाने तक वन विभाग सिर्फ मॉनीटरिंग रोल में रहेगा।</p>
<p><strong>तीन सौ रुपये प्रोत्साहन राशि प्राप्त करने का प्रोसेस<br />
</strong><br />
बंदर मारने के बाद संबंधित क्षेत्र के फॉरेस्ट गार्ड, रेंज अफसर या डीएफओ को सूचित करना होगा। वन अधिकारी घटनास्थल का निरीक्षण कर रिपोर्ट बनाएगा। इसके बाद बंदर को तय प्रक्रिया के तहत मारने वाले को दफनाना होगा। इसके बाद उसे तीन सौ रुपये बतौर प्रोत्साहन राशि मिलेंगे।</p>
<p>वर्मिन बंदरों को मारने के संबंध में एक प्रोटोकाल तैयार किया है। स्थानीय अफसरों के माध्यम से लोगों को इसकी जानकारी दी जा रही है ताकि मरने के बाद बंदर से किसी तरह की संक्रामक बीमारी न फैले। इसके लिए संबंधित रेंज व डिविजन के अफसरों को निर्देश दिए गए हैं।- एसएस नेगी, पीसीसीएफ वाइल्ड लाइफ</p>
<p>The post <a href="https://hindi.himachalwatcher.com/2016/09/02/rules-for-monkey-culling-in-himachal/">जो बन्दर मारेगा वो ही दफनाएगा, जानिए बन्दर मारने के लिए किन नियमो का  करना होगा पालन</a> appeared first on <a href="https://hindi.himachalwatcher.com">हिमाचल वॉचर</a>.</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
	</channel>
</rss>
