<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?><rss version="2.0"
	xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
	xmlns:wfw="http://wellformedweb.org/CommentAPI/"
	xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
	xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
	xmlns:sy="http://purl.org/rss/1.0/modules/syndication/"
	xmlns:slash="http://purl.org/rss/1.0/modules/slash/"
	>

<channel>
	<title>covid-19 Archives - हिमाचल वॉचर</title>
	<atom:link href="https://hindi.himachalwatcher.com/tag/covid-19/feed/" rel="self" type="application/rss+xml" />
	<link>https://hindi.himachalwatcher.com/tag/covid-19/</link>
	<description>एक सामाजिक जागृति</description>
	<lastBuildDate>Sun, 06 Jun 2021 15:38:25 +0000</lastBuildDate>
	<language>en-US</language>
	<sy:updatePeriod>
	hourly	</sy:updatePeriod>
	<sy:updateFrequency>
	1	</sy:updateFrequency>
	<generator>https://wordpress.org/?v=6.9.4</generator>

<image>
	<url>https://hindi.himachalwatcher.com/wp-content/uploads/2025/05/HW-Logo-80x80.png</url>
	<title>covid-19 Archives - हिमाचल वॉचर</title>
	<link>https://hindi.himachalwatcher.com/tag/covid-19/</link>
	<width>32</width>
	<height>32</height>
</image> 
	<item>
		<title>राज्य सरकार के पास वैक्सीन की कमी तो  निजी अस्पतालों के पास कहाँ से आ रही सप्लाई?</title>
		<link>https://hindi.himachalwatcher.com/2021/06/06/18-44-years-vaccination-policy-discriminatory/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Mahender]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 06 Jun 2021 11:28:17 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Featured]]></category>
		<category><![CDATA[अन्य खबरे]]></category>
		<category><![CDATA[covid-19]]></category>
		<category><![CDATA[shimla]]></category>
		<category><![CDATA[spotlight]]></category>
		<category><![CDATA[वैक्सीनेशन]]></category>
		<category><![CDATA[संजय चौहान]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://hindi.himachalwatcher.com/?p=12952</guid>

					<description><![CDATA[<p>शिमला- सरकार द्वारा 18 से 44 वर्ष के लिये लागू की गयी वैक्सीनेशन की नीति निंदा का विषय बन गयी है और इसे पूर्णतः भेदभावपूर्ण व असंवैधानिक करार दिया जा रहा हैI हाल ही में सरकार द्वारा युवा वर्ग के लिए जो ऑनलाइन बुकिंग के आधार पर थोड़ी बहुत वैक्सीनशन की जा रही थी वह [&#8230;]</p>
<p>The post <a href="https://hindi.himachalwatcher.com/2021/06/06/18-44-years-vaccination-policy-discriminatory/">राज्य सरकार के पास वैक्सीन की कमी तो  निजी अस्पतालों के पास कहाँ से आ रही सप्लाई?</a> appeared first on <a href="https://hindi.himachalwatcher.com">हिमाचल वॉचर</a>.</p>
]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p><a href="https://hindi.himachalwatcher.com/wp-content/uploads/2021/06/discrimination-in-vaccination.jpg"><img fetchpriority="high" decoding="async" class="alignnone wp-image-12965 size-full" src="https://hindi.himachalwatcher.com/wp-content/uploads/2021/06/discrimination-in-vaccination.jpg" alt="discrimination in vaccination" width="1000" height="500" srcset="https://hindi.himachalwatcher.com/wp-content/uploads/2021/06/discrimination-in-vaccination.jpg 1000w, https://hindi.himachalwatcher.com/wp-content/uploads/2021/06/discrimination-in-vaccination-300x150.jpg 300w, https://hindi.himachalwatcher.com/wp-content/uploads/2021/06/discrimination-in-vaccination-768x384.jpg 768w" sizes="(max-width: 1000px) 100vw, 1000px" /></a></p>
<p><strong>शिमला-</strong> सरकार द्वारा 18 से 44 वर्ष के लिये लागू की गयी वैक्सीनेशन की नीति निंदा का विषय बन गयी है और इसे पूर्णतः भेदभावपूर्ण व असंवैधानिक करार दिया जा रहा हैI हाल ही में सरकार द्वारा युवा वर्ग के लिए जो ऑनलाइन बुकिंग के आधार पर थोड़ी बहुत वैक्सीनशन की जा रही थी वह भी सरकार के अनुसार अब वैक्सीन उपलब्ध न होने के कारण बन्द कर दी गई है। वैक्सीनेशन के लिए रजिस्ट्रेशन को अनिवार्य करना ही अपने आप में एक बहुत बड़ी समस्या है, खासकर प्रदेश के दूर दराज़ इलाको में रहने वाले लोगों के लिए जो इंटरनेट की सेवा से वंचित हैंI</p>
<p>सुप्रीम कोर्ट ने अभी सरकार कि इस निति से असंतुष्टि जताई है।</p>
<p>याद रहे कि अभी सरकार 50:25:25 के अनुपात में वैक्सीन कि सप्लाई कर रही हैI इसका मतलब है कि कुल उत्पादन का 50 प्रतिशत हिस्सा केंद्र सरकार के पास रहेगा जबकि 25 &#8211; 25 प्रतिशत राज्यों और निजी हॉस्पिटलों को मुहया करवाया जायेगा</p>
<p>शिमला के पूर्व मेयर एवं कम्युनिस्ट पार्टी के नेता, संजय चौहान, ने सरकार द्वारा देश व प्रदेश में लागू की जा रही वैक्सीनशन नीति को लचर व भेदभावपूर्ण बताते हुए कड़ी भर्त्सना की है और सरकार से मांग की है कि इस कोविड-19 महामारी में समय पर रोकथाम हेतु 18 वर्ष की आयु से ऊपर सभी का समयबद्ध तरीके से नजदीकी स्वास्थ्य केन्द्र पर मुफ़्त वैक्सीनशन कर अपने संवैधानिक दायित्व का निर्वहन करे।</p>
<p>चौहान ने कहा कि देश व प्रदेश में महंगी दरों पर निजी अस्पतालों व अन्य संस्थानों को युवा वर्ग की वैक्सीनशन की इजाज़त देकर आरम्भ किया गया है। यह बिल्कुल भेदभावपूर्ण व असंवैधानिक है क्योंकि भारत के संविधान की धारा 21 सभी को जीवन व धारा 14 सभी को बराबरी का अधिकार प्रदान किया गया है। इसलिए देश मे सभी युवा, वृद्ध, बच्चों, गरीब, अमीर व हर वर्ग के लोगों के जीवन की रक्षा करना सरकार का संवैधानिक दायित्व है। चौहान ने कहा कि सरकार की वैक्सीनशन को लेकर लागू नीति व कार्यप्रणाली यहां भी संदेह में आती है क्योंकि प्रदेश सरकार के अनुसार उनको वैक्सीन नहीं मिल रही है इसलिए 18 से 44 आयु वर्ग की वैक्सीनशन नहीं की जा रही है</p>
<p>चौहान ने पुछा है कि इन निजी अस्पतालों व संस्थानों के पास वैक्सीन कहाँ से आ रही है। चौहान ने आरोप लगया है कि सरकार का यह निर्णय स्पष्ट रूप से इन निजी अस्पतालों व संस्थानों को लाभ पहुंचाने का है और इससे कोविड-19 से पैदा हुए संकट से जूझ रहे गरीब व दूरदराज के लोग वैक्सीन से वंचित रह रहे है।</p>
<p>केन्द्र सरकार का कहना है कि देश में वैक्सीन की कमी नहीं होने दी जाएगी जबकि दूसरी ओर आज अधिकांश राज्य सरकारें वैक्सीन की कमी बता रही है और कह रही है कि वो जितनी वैक्सीन की मांग कर रही है उन्हें केन्द्र सरकार उतनी वैक्सीन उपलब्ध नहीं करवा रही है। जिससे सरकार को आज 18 से 44 आयु वर्ग को वैक्सीन लगाना सम्भव नहीं हो रहा है।</p>
<p>चौहान ने कहा कि केन्द्र सरकार द्वारा राज्यों को समय और मांग अनुसार वैक्सीन उपलब्ध न करवाना भी हमारे देश के संवैधानिक संघीय ढांचे पर चोट है। इसलिए सरकार की वक्सीनेशन नीति मनमानी व तर्कहीन है, जिस पर सुप्रीम कोर्ट ने भी सुनवाई के दौरान अपने एक आदेश में केन्द्र सरकार को लताड़ लगाई है। चौहान ने मांग की है कि इसमे सरकार तुरन्त बदलाव करे और वक्सीनेशन को मुफ़्त सार्वभौमिक कर सभी को सरकार उपलब्ध करवाए।</p>
<p>चौहान ने कहा कि कोविड-19 महामारी से देश व प्रदेश में लाखों लोग प्रभावित है और कई मौते हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि इन मौतों के लिए जिम्मेदार मुख्यतः सरकार की कोविड-19 से निपटने के लिए की गई लचर नीति व आधी अधूरी तैयारी रही है।</p>
<p>उनका कहना है कि सरकार द्वारा उचित रूप में टेस्टिंग न करना व देश में ऑक्सिजन व अन्य मूलभूत स्वास्थ्य सेवाओं की कमी तथा देश मे समय रहते वक्सीनेशन न करने के कारण अधिकांश मौते हुई है। आज दुनिया में इस कोविड-19 महामारी पर काबू पाने हेतु वैक्सीनशन ही एकमात्र चारा है।</p>
<p>The post <a href="https://hindi.himachalwatcher.com/2021/06/06/18-44-years-vaccination-policy-discriminatory/">राज्य सरकार के पास वैक्सीन की कमी तो  निजी अस्पतालों के पास कहाँ से आ रही सप्लाई?</a> appeared first on <a href="https://hindi.himachalwatcher.com">हिमाचल वॉचर</a>.</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>कोविड-19 की दूसरी लहर से प्रदेश में 2262 मरीजों की मौत,दूसरी लहर पहली से अधिक घातक</title>
		<link>https://hindi.himachalwatcher.com/2021/06/06/%e0%a4%95%e0%a5%8b%e0%a4%b5%e0%a4%bf%e0%a4%a1-19-%e0%a4%95%e0%a5%80-%e0%a4%a6%e0%a5%82%e0%a4%b8%e0%a4%b0%e0%a5%80-%e0%a4%b2%e0%a4%b9%e0%a4%b0-%e0%a4%b8%e0%a5%87-%e0%a4%aa%e0%a5%8d%e0%a4%b0%e0%a4%a6/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Mahender]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 05 Jun 2021 18:48:37 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[अन्य खबरे]]></category>
		<category><![CDATA[covid-19]]></category>
		<category><![CDATA[shimla]]></category>
		<category><![CDATA[spotlight]]></category>
		<category><![CDATA[हिमाचल प्रदेश]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://hindi.himachalwatcher.com/?p=12943</guid>

					<description><![CDATA[<p>शिमला &#8211; प्रदेश में कोविड-19 की दूसरी लहर पहली से अधिक घातक साबित हुई है। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार पहली लहर के दौरान प्रदेश में मार्च, 2020 में कोविड का पहला मामला दर्ज होने के बाद से 23 फरवरी, 2021 तक 58403 मामलों के मुकाबले दूसरी लहर में चार मई, 2021 तक 1,35,521 मामले दर्ज [&#8230;]</p>
<p>The post <a href="https://hindi.himachalwatcher.com/2021/06/06/%e0%a4%95%e0%a5%8b%e0%a4%b5%e0%a4%bf%e0%a4%a1-19-%e0%a4%95%e0%a5%80-%e0%a4%a6%e0%a5%82%e0%a4%b8%e0%a4%b0%e0%a5%80-%e0%a4%b2%e0%a4%b9%e0%a4%b0-%e0%a4%b8%e0%a5%87-%e0%a4%aa%e0%a5%8d%e0%a4%b0%e0%a4%a6/">कोविड-19 की दूसरी लहर से प्रदेश में 2262 मरीजों की मौत,दूसरी लहर पहली से अधिक घातक</a> appeared first on <a href="https://hindi.himachalwatcher.com">हिमाचल वॉचर</a>.</p>
]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p><strong>शिमला</strong> &#8211; प्रदेश में कोविड-19 की दूसरी लहर पहली से अधिक घातक साबित हुई है। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार पहली लहर के दौरान प्रदेश में मार्च, 2020 में कोविड का पहला मामला दर्ज होने के बाद से 23 फरवरी, 2021 तक 58403 मामलों के मुकाबले दूसरी लहर में चार मई, 2021 तक 1,35,521 मामले दर्ज किए गए।</p>
<p>पहली लहर में औसतन 171 मामले प्रतिदिन दर्ज किए गए थे जबकि दूसरी लहर में लगभग 8 गुना अधिक औसतन 1342 मामले प्रतिदिन दर्ज किए गए।दूसरी लहर पहली लहर से काफी घातक साबित हुई है।</p>
<p>प्रदेश में दूसरी लहर में मामलों में पाॅजिटिविटी दर बढ़ कर दोगुनी से भी अधिक हो गई है। दूसरी लहर में कोविड-19 के कारण 2262 लोगों की मृत्यु दर्ज की गई है जबकि पहली लहर के दौरान 982 लोगों की मृत्यु हुई थी।</p>
<p>प्रदेश में कोविड-19 से हुई कुल मृत्यु में से 69.7 प्रतिशत मृत्यु दूसरी लहर के दौरान हुई है। पहली लहर में मरने वालों की औसतन आयु 64.2 वर्ष थी, जबकि दूसरी लहर में यह औसतन आयु घट कर 61 वर्ष दर्ज की गई है। पहली लहर के दौरान 1.68 प्रतिशत मृत्यु दर दर्ज की गई, जबकि दूसरी लहर में यह दर 1.67 प्रतिशत रही। पहली लहर में मरने वालों में से लगभग 70 प्रतिशत लोग को-माॅर्बिडिटीज़ से पीड़ित थे, जबकि दूसरी लहर में मरने वालों में केवल 41.6 प्रतिशत लोग ही को-माॅर्बिडिटीज़ से पीड़ित थे।</p>
<p>स्वास्थ्य विभाग के अनुसार दूसरी लहर में 8.95 प्रतिशत मरीजों की मृत्यु घर पर हुई, जबकि पहली लहर में 5.09 प्रतिशत मरीजों की मृत्यु घर पर हुई थी।</p>
<p>प्रदेश में कोविड के मामलों तथा पाॅजिटिविटी दर में गिरावट आई है। गत पांच दिनों में प्रदेश में पाॅजिटिविटी दर लगभग 6 प्रतिशत दर्ज की गई है।</p>
<p>The post <a href="https://hindi.himachalwatcher.com/2021/06/06/%e0%a4%95%e0%a5%8b%e0%a4%b5%e0%a4%bf%e0%a4%a1-19-%e0%a4%95%e0%a5%80-%e0%a4%a6%e0%a5%82%e0%a4%b8%e0%a4%b0%e0%a5%80-%e0%a4%b2%e0%a4%b9%e0%a4%b0-%e0%a4%b8%e0%a5%87-%e0%a4%aa%e0%a5%8d%e0%a4%b0%e0%a4%a6/">कोविड-19 की दूसरी लहर से प्रदेश में 2262 मरीजों की मौत,दूसरी लहर पहली से अधिक घातक</a> appeared first on <a href="https://hindi.himachalwatcher.com">हिमाचल वॉचर</a>.</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
	</channel>
</rss>
